बालिकाओं के लिए निःशुल्क प्रतियोगी परीक्षा कोचिंग की विशेष पहल
सेवाजोहार (डिंडोरी):- बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ अभियान के अंतर्गत जिले में बालिकाओं के लिए निःशुल्क प्रतियोगी परीक्षा कोचिंग क्लासेस प्रारम्भ की जा रही हैं। कलेक्टर अंजू पवन भदौरिया के मार्गदर्शन में संचालित यह नवाचार “पंखिनी-सपनों को दो पंख” जनजातीय एवं ग्रामीण क्षेत्रों की बालिकाओं को सरकारी सेवाओं में बेहतर अवसर प्रदान करने के उद्देश्य से शुरू किया गया है।
महाविद्यालयों में जागरूकता एवं पंजीयन अभियान
इच्छुक बालिकाएँ 5 दिसंबर तक गूगल फॉर्म एवं बारकोड स्कैन के माध्यम से ऑनलाइन पंजीयन कर सकेंगी। योजना के व्यापक प्रचार-प्रसार के लिए जिले की सभी परियोजनाओं द्वारा विभिन्न महाविद्यालयों में पहुंचकर छात्राओं को विस्तृत जानकारी दी जा रही है।शासकीय चंद्रविजय कॉलेज, डिंडौरी, शासकीय महाविद्यालय राजा शंकर शाह, कुंवर शाह एवं रघुनाथ शाह, मेहंदवानी, डिग्री कॉलेज शहपुरा एवं मॉडल कॉलेज शहपुरा में जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
छात्राओं को “पंखिनी-सपने को दो पंख” नवाचार के तहत संचालित निःशुल्क कोचिंग क्लासेस की जानकारी दी गई। साथ ही गूगल फॉर्म एवं बारकोड के माध्यम से ऑनलाइन पंजीयन प्रक्रिया को विस्तार से समझाया गया। इन महाविद्यालयों में भी छात्राओं को प्रतियोगी परीक्षाओं हेतु निःशुल्क कोचिंग सुविधा तथा ऑनलाइन पंजीयन के तरीकों से अवगत कराया गया। परियोजना अधिकारी द्वारा बालिकाओं को कोचिंग योजना की विस्तृत जानकारी दी गई एवं गूगल फॉर्म भरने की प्रक्रिया समझाई गई।
पहल का उद्देश्य :- “पंखिनी-सपने को दो पंख” का मुख्य लक्ष्य है कि प्रतियोगी परीक्षाओं में प्रभावी मार्गदर्शन प्रदान करना, गुणवत्तापूर्ण तैयारी सुनिश्चित करना, बेहतर करियर अवसर उपलब्ध कराना, सरकारी सेवाओं में अधिकाधिक सहभागिता सुनिश्चित करना।
सशक्त भविष्य की ओर कदम:- “पंखिनी-सपने को दो पंख” डिंडौरी जिले में बालिकाओं के सपनों को साकार करने हेतु एक सशक्त एवं प्रेरणादायक कदम बन रहा है। यह पहल न केवल शिक्षा को बढ़ावा देगी, बल्कि बालिकाओं को आत्मनिर्भर और सक्षम बनाने की दिशा में भी महत्वपूर्ण योगदान देगी।