डिंडोरी CMHO मनोज पांडे ने अपनी टीम के साथ समय रहते पहुंचाया स्वास्थ्य लाभ
दीपक ताम्रकार की रिपोर्ट
सेवाजोहार (डिंडोरी):- धर्म पुरी महाराज जिन्हें सभी हाथों के बल चलने वाले महाराज के नाम से जानते हैं वे स्वान (कुत्ते) के काटने से बुरी तरह से घायल हो गए हैं। उनके साथ चलने वाला स्वान ही अचानक से धर्म पुरी महाराज पर हमला कर दिया जिसे वे साधारण घटनाक्रम मान रहे थे,लेकिन स्वान ने गुस्सा दिखाते हुए धर्मपुरी महाराज के दाएं हाथ को निशान बनाया और अपने पैने दांत गड़ाए । स्वान के हमले से धर्मपुरी महाराज घायल हुए, जिसकी जानकारी मिलने पर बजाग मार्ग से डिंडोरी लौट रहे जिले के पत्रकारों ने इसकी सूचना डिंडोरी जिला के मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ मनोज पांडे को दी।
CMHO डॉ मनोज पांडे बिना देर किए नर्मदा परिक्रमा पर निकले धर्मपुरी महाराज को स्वास्थ्य लाभ देने के लिए न सिर्फ गाड़ासरई के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के डॉ चंद्रशेखर टेकाम को निर्देशित किया बल्कि स्वयं भी पहुंचे। इसके बाद CMHO डॉ मनोज पांडे की निगरानी में ट्रीटमेंट किया गया,दाएं हाथ में घाव में मलहम लगाया गया, रेबीज़ के इंजेक्शन लगाए गए और दर्द की गोलियां भी दी गई। इस दौरान डिंडोरी CMHO के साथ DHO जयश्री मरावी,BMO डॉ चंद्रशेखर टेकाम,CHO बोंदर शांति मरावी और सुपरवाइजर नरबद उईके मौजूद रहे।

CMHO डॉ मनोज पांडे ने धर्मपुरी महाराज से आग्रह किया कि कुछ दिन हाथों को आराम दे ताकि ज़ख्म जल्द भर जाए उसके बाद नर्मदा परिक्रमा पर निकले।जिसके बाद धर्मपुरी महाराज से CMHO डॉ मनोज पांडे का आग्रह सहर्ष स्वीकार करते हुए सड़क किनारे खेत में तंबू लगाकर आराम करने फैसला किया।
डिंडोरी CMHO और उनकी टीम द्वारा मिले स्वास्थ्य लाभ से धर्मपुरी के साथ चल रहे संतो ने टीम के कार्यों की तारीफ करते हुए धन्यवाद ज्ञापित किया। आपको बता दे कि धर्मपुरी महाराज निरंजनी अखाड़ा के नागा सन्यासी हैं जिनका आश्रम डिंडोरी जिले के रतना ग्राम पर हैं। जहां धर्मपुरी महाराज स्वान के काटने से घायल हुए हैं वह ग्राम बिझौरी है जो डिंडोरी से अमरकंटक मार्ग पर खरगहना से आगे है।
धर्मपुरी महाराज के साथ शंकरपुरी महाराज,हनुमानपुरी महाराज,योगेश पुरी महाराज और तपसपुरी महाराज साथ में चल रहे है। धर्मपुरी महाराज की हाथों के बल चलने वाली नर्मदा परिक्रमा को कुछ दिनों के लिए विराम दिया गया हैं ताकि महाराज जी जल्द स्वस्थ्य होकर पुनः नर्मदा मां की परिक्रमा हाथों के बल चलकर पूर्ण करने के लिए आगे बढ़े।
धर्मपुरी महाराज को रस्ते भर जिसने हाथों के बल चलते देखा वे हैरत में पड़ गए,कड़कड़ाती ठंड में लोग गर्म कपड़े पहनकर घरो से बाहर निकलते है वही धर्मपुरी महाराज केवल एक लंगोट पहने हाथों के बल चलकर नर्मदा मां की परिक्रमा में निकले हैं। देखने वाले रुककर धर्मपुरी महाराज के दर्शन कर उनका आशीर्वाद ले रहे हैं।