सरपंच,सचिव और ठेकेदार पर मिलीभगत का आरोप !
सेवाजोहार (डिंडोरी):– मध्यप्रदेश के आदिवासी बाहुल्य डिंडोरी जिले में जी राम जी योजना के तहत ग्रामीणों को रोजगार नहीं मिलने का मामला सामने आया है। ग्राम पंचायत बरगई में कराए गए 200 मीटर सीसी सड़क निर्माण कार्य में स्थानीय ग्रामीणों को काम नहीं दिए जाने से नाराजगी है। ग्रामीणों ने सरपंच, सचिव और ठेकेदार पर मनमानी के आरोप लगाते हुए मामले की जांच और नियमानुसार कार्रवाई की मांग की है। इस सड़क निर्माण कार्य की लागत भी लाखों रुपए की बताई जा रही हैं,रक्षाबंधन का त्यौहार नजदीक है ,गांव के लोगों को काम न देकर बाहर के मजदूरों से काम कराया गया जिसकी जा
मामला डिंडोरी जनपद क्षेत्र की ग्राम पंचायत बरगई का है, जहां पंचायत द्वारा सीसी सड़क का निर्माण कराया गया। ग्रामीण रंगीलाल यादव का आरोप है कि सड़क निर्माण कार्य में गांव के स्थानीय मजदूरों को रोजगार देने के बजाय बाहर से मजदूर बुलाकर काम कराया गया। उनका कहना है कि योजना का उद्देश्य ग्रामीणों को स्थानीय स्तर पर रोजगार उपलब्ध कराना है, लेकिन इसके बावजूद गांव के लोगों को काम से दूर रखा गया।
सड़क निर्माण की गुणवत्ता पर भी सवाल
ग्रामीणों ने सड़क निर्माण की गुणवत्ता को लेकर भी सवाल खड़े किए हैं। आरोप है कि सीसी सड़क और जमीन की सतह के बीच पर्याप्त जुड़ाव नहीं दिखाई दे रहा है, जिससे भविष्य में सड़क के क्षतिग्रस्त होने की आशंका बनी हुई है। ग्रामीणों के मुताबिक निर्माण के दौरान सड़क की मजबूती के लिए वाइब्रेटर का भी इस्तेमाल नहीं किया गया।
ग्रामीणों ने पूरे निर्माण कार्य की तकनीकी जांच कराने और यदि अनियमितता पाई जाती है तो जिम्मेदारों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
जनपद सीईओ ने जांच का दिया भरोसा
मामले को लेकर जब मीडिया ने डिंडोरी जनपद पंचायत के सीईओ पंकज देवड़ा से बात की तो उन्होंने बताया कि ग्राम बरगई का मामला संज्ञान में आया है। उन्होंने कहा कि मामले की जांच के लिए टीम गठित की जाएगी और जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।