सेवाजोहार (डिंडोरी):- मध्य प्रदेश शासन खेल एवं युवा कल्याण विभाग, भोपाल के निर्देशन में प्रदेशभर की तरह डिंडौरी जिले में भी 5 मई से 5 जून 2026 तक ग्रीष्मकालीन खेल प्रशिक्षण शिविर का आयोजन किया जा रहा है। कलेक्टर एवं पुलिस अधीक्षक के मार्गदर्शन में आयोजित इस शिविर का उद्देश्य बच्चों को ग्रीष्मावकाश का सदुपयोग कर खेल गतिविधियों से जोड़ना तथा उन्हें शारीरिक एवं मानसिक रूप से सशक्त बनाना है।
शिविर के माध्यम से बच्चों को मोबाइल और टीवी से दूर रखकर खेलों के प्रति प्रोत्साहित किया जा रहा है, ताकि वे शिक्षा के साथ-साथ खेलों में भी उत्कृष्ट प्रदर्शन कर सकें। प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे खिलाड़ी भविष्य में विभिन्न खेल प्रतियोगिताओं में जिले और प्रदेश का प्रतिनिधित्व करने के साथ-साथ पुलिस, सेना, वायुसेना एवं नौसेना जैसी सेवाओं में भी अपना स्थान बना सकें।
खेल एवं युवा कल्याण विभाग द्वारा खिलाड़ियों के लिए पर्याप्त खेल सामग्री एवं आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं। प्रशिक्षकों के मार्गदर्शन में खिलाड़ी प्रतिदिन सुबह 6 बजे से 8 बजे तक तथा शाम 5 बजे से 7 बजे तक नियमित प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे हैं।
जिला खेल प्रशिक्षक आरती सोंधिया द्वारा खेल प्रशिक्षण के साथ-साथ खिलाड़ियों को जिला प्रशासन एवं पुलिस प्रशासन के जागरूकता कार्यक्रमों से भी जोड़ा जा रहा है। इसी क्रम में 1 जून 2026 को डेमघाट स्थित नर्मदा पुल परिसर में आपदा प्रबंधन एवं सुरक्षा जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया।
कार्यक्रम में होमगार्ड एवं डीएसआरएफ टीम के सदस्य संदीप परस्ते, अजय परस्ते, नीरज परस्ते तथा सतीश पुसाम ने बच्चों को प्राकृतिक एवं आकस्मिक आपदाओं के दौरान सुरक्षित रहने के उपाय बताए। विशेषज्ञों ने बताया कि किसी भी आपदा की स्थिति में घबराने के बजाय धैर्य और सतर्कता से काम लेना चाहिए। बच्चों को तैराकी के विभिन्न तरीके, जल सुरक्षा के नियम तथा लाइफ जैकेट के सही उपयोग की जानकारी भी दी गई।
इस अवसर पर खिलाड़ियों के साथ उनके अभिभावकों ने भी भाग लेकर महत्वपूर्ण जानकारियां प्राप्त कीं। कार्यक्रम में बास्केटबॉल कोच सुमन कुमार, वॉलीबॉल कोच लक्ष्मण, कराटे कोच मनीषा बैरागी, ब्लॉक समन्वयक करंजिया लक्ष्मी बनावल, राजकुमार तथा जनसंपर्क अधिकारी चेतराम अहिरवार उपस्थित रहे।
खेल एवं जागरूकता कार्यक्रमों के समन्वय से बच्चों में खेल भावना, अनुशासन, आत्मविश्वास और आपदा प्रबंधन जैसी जीवनोपयोगी क्षमताओं का विकास हो रहा है।