सेवाजोहार (डिंडोरी):- मध्यप्रदेश शासन की नगरीय विकास एवं आवास राज्य मंत्री एवं डिंडौरी जिले की प्रभारी मंत्री प्रतिमा बागरी ने बुधवार को विकासखंड डिंडौरी के सांदीपनी विद्यालय नरिया में आयोजित समारोह में जिले के पांच सांदीपनी विद्यालयों के नवनिर्मित भवनों का लोकार्पण किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार ग्रामीण क्षेत्रों में भी आधुनिक और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने के लिए लगातार कार्य कर रही है, ताकि ग्रामीण विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक वातावरण और समान अवसर मिल सकें।
लोकार्पण कार्यक्रम में सांसद फग्गन सिंह कुलस्ते, डिंडौरी विधायक ओमकार सिंह मरकाम, शहपुरा विधायक ओमप्रकाश धुर्वे, जिला पंचायत अध्यक्ष रुद्रेश परस्ते, जिला पंचायत उपाध्यक्ष अंजू ब्योहार, नगर परिषद अध्यक्ष सुनीता सारस, पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष ज्योति प्रकाश धुर्वे, भाजपा जिला अध्यक्ष चमरू सिंह नेताम, पूर्व जिला अध्यक्ष नरेन्द्र राजपूत सहित अनेक जनप्रतिनिधि मौजूद रहे। वहीं जिला प्रशासन की ओर से कलेक्टर अंजू पवन भदौरिया, पुलिस अधीक्षक आशीष खरे, वनमंडलाधिकारी अशोक सोलंकी, डिंडौरी एवं शहपुरा एसडीएम तथा विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
वृक्षारोपण के साथ हुआ कार्यक्रम का शुभारंभ
समारोह की शुरुआत अतिथियों ने वृक्षारोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश देते हुए की। इसके बाद मां सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्ज्वलन कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया। इस दौरान नरिया, धनुवासागर, चांदरानी, खुड़िया और राई के सांदीपनी विद्यालयों के नवनिर्मित भवनों का लोकार्पण किया गया।
आधुनिक सुविधाओं से सुसज्जित होंगे विद्यालय
प्रभारी मंत्री प्रतिमा बागरी ने कहा कि इन विद्यालयों में स्मार्ट क्लास, आधुनिक प्रयोगशालाएं, पुस्तकालय, खेल मैदान सहित अन्य आवश्यक सुविधाएं विकसित की जा रही हैं। उन्होंने कहा कि सरकार का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों के विद्यार्थियों को भी शहरों जैसी गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराना है। उन्होंने यह भी कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना, उज्ज्वला योजना, लाड़ली बहना योजना और प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि जैसी योजनाओं के माध्यम से सरकार समाज के हर वर्ग के विकास के लिए कार्य कर रही है।
डेढ़ लाख विद्यार्थियों को बेहतर शिक्षा देने का प्रयास
कलेक्टर अंजू पवन भदौरिया ने बताया कि जिले में लगभग डेढ़ लाख विद्यार्थी अध्ययनरत हैं और उनके लिए आधुनिक शैक्षणिक सुविधाओं का लगातार विस्तार किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि 1 जुलाई से 30 अक्टूबर तक वनग्रामों के वनाधिकार पत्रों के निराकरण के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है। साथ ही उन्होंने जानकारी दी कि एचपीवी टीकाकरण अभियान में डिंडौरी जिले ने प्रदेश में प्रथम स्थान प्राप्त किया है।
विद्यार्थियों को मिलेगी बस सुविधा
डिंडौरी विधायक ओमकार सिंह मरकाम ने कहा कि जनप्रतिनिधियों और जिला प्रशासन के समन्वित प्रयासों से डिंडौरी एवं समनापुर विकासखंड में दो-दो सांदीपनी विद्यालय स्थापित किए गए हैं। उन्होंने विद्यार्थियों के आवागमन के लिए बस सुविधा उपलब्ध कराने की बात कही तथा जिले में संचालित “नशे से दूरी है जरूरी 2.0” अभियान की सराहना करते हुए समाज को नशामुक्त बनाने का आह्वान किया।
शिक्षा के लिए आर्थिक स्थिति बाधा नहीं बनने देंगे
शहपुरा विधायक ओमप्रकाश धुर्वे ने कहा कि जिले में शिक्षा के क्षेत्र में उल्लेखनीय प्रगति हुई है। बेहतर विद्यालय भवन और आधुनिक संसाधन विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करेंगे। उन्होंने कहा कि जिले में विद्यालयों और महाविद्यालयों के विस्तार से अब विद्यार्थियों को उच्च शिक्षा के लिए दूसरे जिलों पर निर्भर नहीं रहना पड़ता और किसी भी विद्यार्थी की आर्थिक स्थिति उसकी पढ़ाई में बाधा नहीं बनने दी जाएगी।
शिक्षा और विकास दोनों में आगे बढ़ रहा डिंडौरी
सांसद फग्गन सिंह कुलस्ते ने कहा कि सांदीपनी विद्यालयों की स्थापना से जिले में शिक्षा की गुणवत्ता में बड़ा सुधार होगा। उन्होंने चिकित्सा एवं तकनीकी शिक्षा के क्षेत्र में हो रही प्रगति का उल्लेख करते हुए कहा कि जल जीवन मिशन के माध्यम से हर घर तक पेयजल पहुंचाने का कार्य भी प्रभावी ढंग से किया जा रहा है।
कार्यक्रम के दौरान पुलिस अधीक्षक आशीष खरे ने उपस्थित सभी लोगों को “नशे से दूरी है जरूरी 2.0” अभियान के तहत नशामुक्ति की शपथ दिलाई। इसके बाद जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों ने विद्यालय भवन का निरीक्षण किया तथा विद्यार्थियों के साथ मध्यान्ह भोजन ग्रहण किया।
समारोह के समापन पर जिले के मेधावी विद्यार्थियों को प्रशस्ति-पत्र देकर सम्मानित किया गया। साथ ही विभिन्न विभागों की जनकल्याणकारी योजनाओं के पात्र हितग्राहियों को हितलाभ सामग्री एवं स्वीकृति पत्र वितरित किए गए। कार्यक्रम के अंत में सभी जनप्रतिनिधियों ने विश्वास जताया कि आधुनिक सांदीपनी विद्यालय ग्रामीण अंचलों के विद्यार्थियों को नई संभावनाएं प्रदान करेंगे और जिले में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा को नई दिशा देंगे।